ब्यूरो चीफ: आशाराम कुंडले
खरगोन | शासन के निर्देशानुसार सरस्वती विद्या मंदिर परिसर में आयोजित तीन दिवसीय जिला स्तरीय पुस्तक मेले का शनिवार को समापन हुआ। इस मेले ने पालकों और विद्यार्थियों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक पुस्तकें और शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराकर बड़ी राहत प्रदान की।
समीक्षा बैठक और भविष्य की योजना समापन अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) श्री शैलेंद्र कुमार कानूड़े ने आयोजन की सफलता पर सभी पुस्तक विक्रेताओं, शिक्षकों और पालकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि आगामी वर्ष मार्च माह में पुस्तक विक्रेताओं और प्राचार्यों की एक संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें मेले की रूपरेखा पहले से तैयार की जाएगी ताकि इसे और अधिक व्यवस्थित और लाभकारी बनाया जा सके।
विक्रेताओं ने सराहा, दिया अहम सुझाव मेले में शामिल प्रमुख पुस्तक विक्रेताओं—स्वस्तिक स्टेशनरी, ज्ञान सागर, जैन बुक स्टॉल, आदिनाथ स्टेशनरी, संघवी स्टोर, गोपाल स्टेशनरी और विद्या स्टोर्स के संचालकों ने शासन की इस पहल को सराहनीय बताया।
विक्रेताओं ने एक महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए कहा कि “आगामी वर्षों में मेले का आयोजन परीक्षा परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद किया जाना चाहिए।” उनका मानना है कि इस समय विद्यार्थी और अभिभावक नए सत्र की तैयारी के लिए सबसे अधिक सक्रिय और उत्साहित रहते हैं।
एक ही स्थान पर मिलीं सारी सुविधाएं मेले का सबसे बड़ा लाभ यह रहा कि विद्यार्थियों को अलग-अलग दुकानों पर भटकने की जरूरत नहीं पड़ी। स्टेशनरी से लेकर संदर्भ पुस्तकों तक, सब कुछ एक ही परिसर में रियायती दरों पर उपलब्ध रहा। कार्यक्रम का सफल संचालन क्रीड़ा निरीक्षक श्री हबीब बैंग मिर्जा ने किया। इस दौरान शिक्षा विभाग के विभिन्न अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
