जिला ब्यूरों: जोरा सोलंकी
धानेरा | धानेरा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व भाजपा उम्मीदवार भगवानदास पटेल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वे मतदाताओं को सीधे तौर पर चेतावनी देते नजर आ रहे हैं। इस बयान के बाद क्षेत्र की राजनीति गरमा गई है और कांग्रेस ने इसे लोकतंत्र का अपमान बताया है।
“गलती की तो गांधीनगर नहीं उठेंगे कदम”
वायरल वीडियो में भगवानदास पटेल धानेरा में जल आपूर्ति योजना का जिक्र करते हुए कह रहे हैं कि सरकार ने 150 करोड़ रुपये की लागत से क्षेत्र के 87 तालाबों को भरने के लिए पाइपलाइन बिछा दी है। हालांकि, इसके साथ ही उन्होंने मतदाताओं को आगाह करते हुए कहा:
“यदि आप (चुनाव में) गलती करेंगे, तो हमारे कदम आपके काम के लिए गांधीनगर की ओर नहीं उठेंगे। मैं आपको स्पष्ट कह रहा हूं कि पाइप तो बिछा दिए गए हैं, लेकिन अभी उनमें पानी नहीं छोड़ा गया है।”
पटेल का यह इशारा साफ तौर पर आने वाले चुनावों में भाजपा के पक्ष में मतदान न करने पर विकास कार्यों को रोकने की ओर था।
कांग्रेस का पलटवार: “जनता के टैक्स का पैसा है, आपकी जेब का नहीं”
इस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस के जिला प्रवक्ता डामराजी राजगोर ने इसे जनता को दी गई गंभीर धमकी करार दिया है। राजगोर ने कहा कि एक जनप्रतिनिधि या उम्मीदवार द्वारा इस तरह की भाषा का प्रयोग करना निंदनीय है।
राजगोर के मुख्य आरोप:
- सार्वजनिक धन का उपयोग: पाइपलाइन किसी नेता की निजी संपत्ति नहीं है, बल्कि यह जनता के टैक्स के पैसे से बिछाई गई है।
- लोकतंत्र पर प्रहार: मतदाताओं को काम रोकने की धमकी देना चुनावी आचार संहिता और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
- दबाव की राजनीति: भाजपा विकास के नाम पर वोट मांगने के बजाय डर और पाइपलाइन का पानी रोकने की राजनीति कर रही है।
बढ़ती राजनीतिक हलचल
धानेरा में इस वीडियो के सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में भी मिश्रित प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। जहां भाजपा के स्थानीय कार्यकर्ता इसे विकास कार्यों की याद दिलाना बता रहे हैं, वहीं विपक्षी दल इसे चुनावी मुद्दा बनाने की तैयारी में हैं। फिलहाल, भाजपा संगठन की ओर से इस वायरल वीडियो पर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं आया है।
